हल्क: गुस्से के इंधन से चलने वाली महाबर्बादी की महामशीन

आयरनमैन के बाद 2008 में ही मार्वल सिनेमैटिक यूनिवर्स की दूसरी फिल्म आई थी- द इंक्रेडिबल हल्क. ये फिल्म उतनी चर्चित नहीं हुई जितना मार्वल की बाकी फिल्में. हालांकि फिल्म जितने पैसे में बनी थी उससे दोगुना पैसा इसने कमा लिया. फिल्म की हीरो रहे एडवर्ड नॉर्टन इस फिल्म के बाद हमें हल्क के रोल में नहीं दिखे. उनकी जगह ली मार्क रफेलो ने. अच्छा ही हुआ, आज हल्क के किरदार को लोग मार्क के कारण जानते हैं.

फिल्म के शुरु में ही हमें ब्रूस बैनर इलाज ढूंढता दिखता है ताकि वो दोबारा से नॉर्मल हो सके. फिल्म में हमें वो दुर्घटना नहीं दिखाई गई जिसने उसे हल्क में बदल दिया. फिल्म में हमें दिखाया जाता है कि जनरल थंडरबोल्ट रॉस हल्क को तलाश कर रहा है. उसे अचानक एक क्लू मिलता है और वो उस जगह दल-बल के साथ पहुंच जाता है जहां ब्रूस छुप कर रह रहा था.

आयरनमैन: वो एवेंजर जिसने रखी मार्वल सिनेमैटिक यूनिवर्स की नींव

ब्रूस भागता है लेकिन उसका सामना सैनिकों से होता ही है जिनको वो आराम से मसल देता है. एमिल ब्लॉंस्की इस बात से खफा हो जाता है क्योंकि वो हार मानने वाला सिपाही नहीं है. उसके कहने पर रॉस उसे भी सीरम देता है. इसके बाद ब्लॉन्सकी फिर से हल्क का सामना करता है. इस बार वो हल्क के सामने खड़ा हो जाता है. हल्क भी रहम नहीं करता.

ब्लॉन्स्की को अधमरी हालत में सेना के अस्पताल लाया जाता है जहां वो बहुत जल्दी ठीक हो जाता है. इधर ब्रूस, हल्क नहीं बनना चाहता. वो लड़ना नहीं चाहता, वो तो प्यार करना चाहता है बेट्टी रॉस से जो जनरल रॉस की बेटी है. लेकिन हालात ब्रूस पर रहम नहीं करते. ब्रूस एक ऐसे आदमी को ढूंढ लेता है जो उसके भीतर से हल्क को निकाल सकता है.

वो एक्सपेरीमेंट के लिए तैयार हो जाता है और ऐसा लगता है जैसे वो कामयाब रहा. अचानक ब्लॉन्स्की वहां हमला करता है और मिस्टर ब्लू (हल्क के मददगार) से बोलता है कि जो इसके भीतर से निकाला है उसे मेरे भीतर डाल दो. ब्लू उससे मना करता है क्योंकि ब्लॉन्स्की के अंदर पहले से ही एक सीरम था. लेकिन उसके जोर देने पर वो मान जाता है.

ऐसा करने के कारण ब्लॉन्स्की एक शैतान में बदल जाता है और तोड़फोड़ करने लगता है. इस बीच ब्रूस को गिरफ्तार कर लिया जाता है और हेलीकॉप्टर के जरिए ले जाया जा रहा होता है. नीचे हंगामा होता देख ब्रूस को लगता है कि उसे हल्क बनकर मुकाबले के लिए जाना चाहिए. वो हेलीकॉप्टर से कूद जाता है बिना ये जाने कि वो हल्क बनेगा भी या नहीं.

लेकिन वो गिरने के बाद हल्क बनता है और फिर होता है महायुद्ध. काफी देर तक ब्लॉन्स्की और हल्क के बीच घमासान चलता है. अंत में हल्क की जीत होती है. इसके बाद हल्क वहां से फरार हो जाता है. वो एक ठंडी जगह चला जाता है. वहां खुद के मुंह में बंदूक रख कर गोली चलाना चाहता है. गोली चलने से बर्फ के पहाड़ टूट जाते हैं और तब कैप्टन अमेरिका के शिप का पता चलता है.

112 मिनट की ये फिल्म काफी अच्छी है. फिल्म के क्रेडिट सीन में आयरनमैन यानि टोनी स्टार्क, रॉस से मिलने एक बार में जाता है और एवेंजर इनिशिएटिव की बात करता है. फिल्म के एक्शन, इमोशन, एडिटिंग, सब कुछ अच्छा है. हालांकि हल्क को देखने का असली मजा ‘द एवेंजर्स’ में ही आया जब मार्क रफेलो ने इस रोल को किया.